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लखनऊ में आग का कहर, कोचिंग सेंटर में फंसे बच्चों ने तोड़ा दम, 15 की मौत से मचा कोहराम

 लखनऊ

 के लिए सोमवार का दिन बेहद दुखद साबित हुआ। राजधानी के अलीगंज इलाके में पुरनिया चौराहे के पास एक कोचिंग सेंटर की बिल्डिंग में अचानक भीषण आग लग गई, जिसमें 15 लोगों की जान चली गई। मरने वालों में ज्यादातर छात्र हैं, जिनकी उम्र महज 16 से 17 साल के बीच थी।

Source: sociamedia 


तीन मंजिला बिल्डिंग में चल रहा था एनिमेशन कोचिंग सेंटर

जिस बिल्डिंग में आग लगी, वह तीन मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग थी। ग्राउंड और पहले फ्लोर पर पेट शॉप और क्लीनिक चल रहे थे, जबकि ऊपर की मंजिल पर एनिमेशन और कंप्यूटर सिखाने वाला कोचिंग इंस्टीट्यूट था, जहां बच्चे कार्टून बनाना सीखने आते थे। दोपहर करीब तीन बजे अचानक बिल्डिंग में आग लग गई और देखते ही देखते पूरी इमारत काले धुएं से भर गई।

दम घुटने से गई ज्यादातर बच्चों की जान

चश्मदीदों के मुताबिक आग लगते ही अंदर पढ़ रहे बच्चों में भगदड़ मच गई। कई बच्चों ने जान बचाने के लिए बिल्डिंग से छलांग लगा दी, जबकि कुछ बच्चे खुद को बाथरूम में बंद करके बैठ गए, लेकिन वहां भी धुआं भरने लगा। डॉक्टरों के मुताबिक ज्यादातर मौतें आग से नहीं बल्कि दम घुटने की वजह से हुईं। फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीमों ने पड़ोस के घर की छत से कोचिंग सेंटर की दीवार काटकर फंसे हुए बच्चों को बाहर निकाला। हादसे में 15 लोगों की मौत हुई, जबकि कई बच्चे गंभीर रूप से झुलस गए, जिन्हें इलाज के लिए KGMU ट्रॉमा सेंटर भेजा गया।

Source: socialmedia 


आग की वजह को लेकर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं

बिल्डिंग में काम करने वाले एक कर्मचारी ने दावा किया कि नीचे की मंजिल पर लगे AC में खराबी थी और इसकी शिकायत बिल्डिंग मालिक से पहले भी की जा चुकी थी, लेकिन उसे ठीक नहीं कराया गया। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में शॉर्ट सर्किट को वजह बताया जा रहा है, लेकिन आग लगने का असली कारण अभी जांच का विषय है और इस पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

डिप्टी सीएम मौके पर पहुंचे, भावुक होकर रो पड़े

हादसे की खबर मिलते ही डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक खुद घटनास्थल पर पहुंच गए और राहत-बचाव कार्यों की निगरानी करते रहे। मीडिया से बात करते हुए वह अपने आंसू नहीं रोक पाए और रुंधे गले से बोले कि उन्होंने अपनी आंखों के सामने मासूम बच्चों की लाशें निकलती देखी हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इस लापरवाही के जिम्मेदार लोगों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

अलीगढ़ का दौरा बीच में छोड़कर लखनऊ लौटे सीएम योगी

हादसे के वक्त मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अलीगढ़ में एक शिलान्यास कार्यक्रम में मौजूद थे। जैसे ही उन्हें घटना की सूचना मिली, उन्होंने अपना बाकी कार्यक्रम रद्द कर दिया और सीधे लखनऊ के लिए रवाना हो गए। लखनऊ पहुंचकर उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और उसके बाद KGMU जाकर घायलों और पीड़ित परिवारों से मुलाकात की। सीएम ने डीजीपी और प्रमुख सचिव गृह को घटना की विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया है और कहा है कि लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई होगी जो नजीर बनेगी।

पीएम मोदी ने किया मुआवजे का ऐलान, हर तरफ से जताया जा रहा दुख

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस हादसे पर दुख जताते हुए पीड़ित परिवारों के लिए मुआवजे का ऐलान किया है। इसके साथ ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह समेत विपक्ष के कई बड़े नेताओं ने भी इस दुखद घटना पर संवेदना जाहिर की है और प्रशासन से कोचिंग सेंटरों में फायर सेफ्टी को लेकर सख्ती बढ़ाने की मांग की है।


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