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अमेरिका से उड़कर आए, जंतर-मंतर पर उतरे, तिलचट्टा जनता पार्टी का महाप्रदर्शन

 आज दिल्ली में इतिहास बन रहा है

16 मई 2026 को एक मज़ाक की तरह शुरू हुआ तिलचट्टा जनता पार्टी का आंदोलन आज 6 जून को एक ऐसी ताकत बन गया है जिसे नज़रअंदाज़ करना मुश्किल है। Boston University के graduate और digital strategist Abhijeet Dipke आज अमेरिका से भारत लौटे और सीधे जंतर-मंतर पहुंचे जहाँ तिलचट्टा जनता पार्टी का बड़ा प्रदर्शन शुरू हो चुका है। माँग एक ही है  शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा।

Sonam Wangchuk भी आए साथ Ladakh से चलकर पहुंचे

आज के प्रदर्शन में सबसे बड़ा surprise था Ladakh के 59 साल के activist Sonam Wangchuk का आना। Dipke ने खुद announce किया कि Sonam Wangchuk जल्द ही जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होंगे। Sonam Wangchuk वही इंसान हैं जिन पर Bollywood की मशहूर फिल्म '3 Idiots' का किरदार Phunsukh Wangdu आधारित है। उनका इस आंदोलन में आना एक बड़ा संदेश है कि यह सिर्फ युवाओं की नहीं बल्कि पूरे देश के जागरूक नागरिकों की आवाज़ है।
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X account बंद हुआ High Court पहुंचे Dipke

भारत आने से पहले ही Abhijeet Dipke को एक बड़ी रुकावट का सामना करना पड़ा। CJP के X account को block कर दिया गया। Dipke ने दिल्ली उच्च न्यायालय में इसके खिलाफ याचिका दायर की। उन्होंने कहा कि वो अपनी तकदीर संविधान के हाथों में छोड़कर भारत आ रहे हैं। यह account blocking और फिर High Court जाना यह सब इस आंदोलन को और बड़ा बना गया।

पुलिस तैनात, Pradhan के घर के बाहर पहरा

आज के प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने पूरी राजधानी में सुरक्षा कड़ी कर दी है। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के आवास के बाहर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। दिल्ली उच्च न्यायालय ने एक PIL पर urgent hearing देने से इनकार कर दिया जिसमें इस प्रदर्शन को रोकने की माँग की गई थी

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CJP की माँगें सिर्फ इस्तीफा नहीं

CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने पहली press conference में कहा कि CBSE chairperson और secretary का तबादला सिर्फ आँखों में धूल झोंकना है। असली problem systemic है। CJP की माँग है कि सरकार शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता लाए, NTA को भंग करे और शिक्षा मंत्री इस्तीफा दें। CJP ने यह भी कहा कि वो सरकार और विपक्ष दोनों से बातचीत को तैयार हैं।

तिलचट्टा जनता पार्टी मज़ाक से महाआंदोलन तक

16 मई 2026 को जब सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश ने बेरोज़गार युवाओं को तिलचट्टा कहा तो उसी रात Abhijeet Dipke ने X पर CJP की घोषणा की। उन्होंने कहा कि पार्टी में शामिल होने की शर्त है बेरोज़गार होना, आलसी होना, हमेशा online रहना और पेशेवर तरीके से शिकायत करना। यह हल्का-फुल्का अंदाज़ देखते-देखते एक बड़े आंदोलन में बदल गया और आज 2 करोड़ से ज़्यादा लोग इस आंदोलन से जुड़ चुके हैं।

NEET से शुरू हुआ सफर आज जंतर-मंतर तक पहुंचा

3 मई को NEET 2026 हुई। 12 मई को परीक्षा रद्द हुई। 15 मई को मुख्य न्यायाधीश ने युवाओं को तिलचट्टा कहा। 16 मई को CJP बनी। 6 जून को जंतर-मंतर पर महाप्रदर्शन। यह सफर 21 दिनों का है लेकिन इसकी जड़ें उन लाखों छात्रों के दर्द में हैं जिनका सपना NEET paper leak ने तोड़ा। 24 लाख छात्रों की मेहनत, माता-पिता के लाखों रुपये और सालों की पढ़ाई यह सब मिलकर आज जंतर-मंतर पर एक आवाज़ बनी है।

क्या इस्तीफा देंगे धर्मेंद्र प्रधान?

CJP के एक प्रतिनिधि ने कहा कि अगर धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दे देते हैं तो पार्टी अपनी स्थिति पर दोबारा विचार करेगी। लेकिन अभी तक सरकार की तरफ से कोई संकेत नहीं है। PM मोदी ने NEET पर एक शब्द नहीं बोला। धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफे से साफ इनकार किया है। सरकार की यह चुप्पी आग में घी का काम कर रही है।


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